दरअसल बुचड़खाने में एक कोरोना संक्रमित महिला के मिलने के बाद पालिका स्वास्थ्य विभाग बुचड़खाने में प्राथमिकता के आधार पर सेनिटाइजेशन का काम कर रही है।आज देहरादून से प्रकाशित दैनिक अखबार में छपी झूठी खबर सेनिटाइजेशन की जगह पानी के छिड़काव को देख पालिका स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने दैनिक अखबार की
होली जलाकर मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए रोष प्रकट किया।
कर्मचारियों का आरोप हैं कि दैनिक अखबार के संवाददाता ने द्वेष की भावना से पालिका औऱ सफाई कर्मचारियों का मनोबल तोड़ने के लिए ये झूठी खबर छापी है।
सफाई नायक औऱ कर्मचारियों का आरोप है कि जब वो दवाई का मिश्रण बना रहे थे तो दैनिक अखबार के संवाददाता ने पानी की विडियो बना कर द्वेष की भावना से खबर छाप दी।जबकि 1 लीटर दवाई में 10 लीटर पानी मिलाया जाता हैं जिससे कि दवाई सही से मिल जाये। दैनिक अखबार के संवाददाता ने मौके पर मौजूद कर्मचारियों से जानकारी लिए बगैर दवाई में मिलाने वाले पानी की विडियो बना कर खबर छाप दी। पालिका सफाई कोरोना वॉरियर्स ने दैनिक अखबार के इस कृत्य पर रोष व्यक्त करते हुए कहा कि जब से देश मे कोरोना का कहर शुरू हुआ है तब से वो अपनी जान की परवाह ना करते हुए लोगो की सेवा में लगे हुए है। उन्होंने पत्रकारों को दवाई के छिड़काव के कारण अपना जला हुआ शरीर दिखाते हुए कहा कि दैनिक अखबार में बगैर जानकारी के इस प्रकार की झुठी खबरे छपने से उनका मनोबल टूट रहा है।जबकि वो कोरोना से जंग लड़ने के लिए 8 से 12 घण्टे अपनी सेवा दे रहे हैं ।


