रुड़की I उत्तराखंड के रुड़की में गोवर्धनपुर स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय (केजीबीवी) में खाना खाने के बाद अचानक 11 छात्राओं की तबीयत बिगड़ गई। एक साथ इतनी छात्राओं के बीमार होने से विद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया।
तत्काल सभी को 108 एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती कराया गया। यहां जांच के बाद डॉक्टरों ने बताया कि फूड प्वाइजनिंग से ही छात्राओं की तबीयत खराब हुई है। घटना रविवार रात की है।
लक्सर तहसील के खानपुर विकासखंड के गोवर्धनपुर में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय स्थित है। रोजाना की तरह रविवार को भी देर शाम करीब सात बजे खाना खाकर सभी छात्राएं अपने कमरों में सोने चली गईं।
वार्डन के अनुसार, खाने में छात्राओं को कद्दू की सब्जी और रोटी परोसी गई थी। इसी बीच करीब साढ़े सात बजे संगीता, रंजीता, मोनिका, नीलम, अनीता, साक्षी, प्रियंका, पूजा, सारिका, सुलोचना, निशा, छात्राओं की अचानक तबीयत बिगड़ने लगी। उनको पेट दर्द और उल्टी की शिकायत शुरू हो गई।
वार्डन राशि शर्मा इस दौरान हॉस्टल का सामान लेने गई थीं। लिहाजा मौके पर मौजूद अनु सेविका रेणु देवी ने वार्डन को सूचना दी। वार्डन ने तत्काल छात्राओं को अस्पताल ले जाने को कहा। करीब आठ बजे अनु सेविका ने 108 एंबुलेंस बुलाकर छात्राओं को सीएचसी पहुंचाया।
इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्साधीक्षक डॉ. अनिल वर्मा ने छात्राओं का इलाज किया। बताया जा रहा है कि फिलहाल छात्राओं की तबीयत में सुधार है, लेकिन अभी उनको छुट्टी नहीं दी गई है।
सभी छात्राओं का ब्लड टेस्ट कराया गया है। प्राथमिक जांच में फूड प्वाइजनिंग के लक्षण सामने आए हैं। छात्राओं का इलाज किया जा रहा है। हॉस्टल जाकर छात्राओं और खानपान की भी जांच की जाएगी। -डॉ. अनिल वर्मा, चिकित्साधीक्षक, सीएचसी लक्सर
छात्राओं को दिन से ही फीवर था, लेकिन खाना खाने के बाद अचानक उनकी तबीयत ज्यादा खराब होने लगी थी तो उन्हें तत्काल इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। अब उनकी हालत में सुधार है। -राशि शर्मा, वार्डन, केजीबीवी गोवर्धनपुर
इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्साधीक्षक डॉ. अनिल वर्मा ने छात्राओं का इलाज किया। बताया जा रहा है कि फिलहाल छात्राओं की तबीयत में सुधार है, लेकिन अभी उनको छुट्टी नहीं दी गई है।
सभी छात्राओं का ब्लड टेस्ट कराया गया है। प्राथमिक जांच में फूड प्वाइजनिंग के लक्षण सामने आए हैं। छात्राओं का इलाज किया जा रहा है। हॉस्टल जाकर छात्राओं और खानपान की भी जांच की जाएगी। -डॉ. अनिल वर्मा, चिकित्साधीक्षक, सीएचसी लक्सर
छात्राओं को दिन से ही फीवर था, लेकिन खाना खाने के बाद अचानक उनकी तबीयत ज्यादा खराब होने लगी थी तो उन्हें तत्काल इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। अब उनकी हालत में सुधार है। -राशि शर्मा, वार्डन, केजीबीवी गोवर्धनपुर

