बता दे कि मसूरी नगरपालिका परिषद को 16 अगस्त को सिविल कोर्ट अमीन द्वारा पालिका भूमि 950,50 वर्ग मीटर(शगुन वेंडिंग पॉइंट) पर पालिका के अध्यासन को हटा मै, डिस्को एंटरप्राइजेज प्रा०लि० के अध्यासन का नोटिस मिला पालिकाध्यक्ष अनुज गुप्ता ने तुरंत उक्त भूमि के दस्तावेज मंगा आपातकालीन बैठक में उच्चन्यायालय में प्रतिवाद किये जाने पर प्रस्ताव पास किया।
जिसपर पालिका ने आइस स्केटिंग बनवाया था।जिसे पालिका चलाती थी।बाद में ज़ाहिद खान और मुर्तुजा खान ने पालिका पर मुकद्दमा कर दिया जो पालिका 1997 में जवाब दाखिल ना किये जाने के कारण हार गईऔर वोज़ाहिद खान और मुर्तजा खान के पक्ष में हो गया।
बाद में पालिका द्वारा उक्त भूमि को लेकर जिला जज देहरादून में अपील की गई जोकि27,जनवरी2002को पालिका के पक्ष में हुआ।
उक्त भूमि(शगुन वैडिंग पॉइंट)परघोटाला तब शुरू होता है जब पालिका द्वारा हीउक्तभूमि की रजिस्ट्री 25 अगस्त 2003 को डिस्को एंटरप्राइजेज नाम से कर दी जाती है।
मजे की बात ये है कि उसी भूमि(शगुन वेडिंग पॉइंट )
को फिर डिस्को एंटरप्राइजेज द्वारा30मई 2005 को दस साल के लिए पालिका को9600प्रति वर्ष के हिसाब से लीज डीड की जाती है। जो तत्कालीन बोर्ड द्वाराकोर्ट में रजिस्टर नहीं की जाती।
देखने वाली बात है कि फिर 4 जुलाई 2015 को नगरपालिका के द्वारा डिस्को एंटरप्राइजेज तीन वर्ष के लिए उक्त भूमि (शगुन वेडिंग पाइंट ) डिस्को एंटरप्राइजेज की मनमाफिक शर्तो पर तत्कालीन बोर्ड में बगैर कोई प्रस्ताव पास किये।लीज पर ले लिया जाता हैं।
और जब 16अगस्त 2019 को पालिका को सिविल कोर्ट अमीन से नोटिस मिलता हैं। तो पालिकाध्यक्ष द्वारा आपात बैठक बुला कर मामले को उच्च न्यायालय में ले जाने के लिये पालिका बोर्ड में प्रस्ताव पास करवा कर उच्च न्यायालय में अपील की थी जिसको उच्च न्यायालय ने 3 दिसम्बर की तारीख मुकर्रर कर शगुन वैडिंग पॉइंट के मैसर्ज को नोटिस जारी किया है

