मसूरी,8,जून, मसूरी में होम स्टे योजना समिति की एक बैठक में हुई।
जिसमे मसूरी के समस्त होम स्टे संचालकों ने भाग लिया व लॉक डाउन में आई समस्याओं के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में लॉक डाउन में हुए नुकसान की भरपाई व सरकार द्वारा होम स्टे की अनदेखी पर भी विचार विर्मश किया गया। बैठक में ये प्रस्ताव आया कि शीघ्र ही इस संबंध में एक ज्ञापन प्रदेश के मुख्यमंत्री को दिया जायेगा,जिसमें अपनी विभिन्न मांगों को रखा जायेगा। विशेषकर होम स्टे संचालकों के लिए आर्थीक पैकेज,बिजली व पानी के बिलों मे छूट, सरल ऋण,होम स्टे कर्मियों के लिए मासिक सहायता राशि,होम स्टे को शीघ्र शुरू करने के लिए प्रशिक्षण व कोविड 19 मानकों को पूरा करने मे सहयोग करने की मांग की जायेगी।
जिसमे मसूरी के समस्त होम स्टे संचालकों ने भाग लिया व लॉक डाउन में आई समस्याओं के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में लॉक डाउन में हुए नुकसान की भरपाई व सरकार द्वारा होम स्टे की अनदेखी पर भी विचार विर्मश किया गया। बैठक में ये प्रस्ताव आया कि शीघ्र ही इस संबंध में एक ज्ञापन प्रदेश के मुख्यमंत्री को दिया जायेगा,जिसमें अपनी विभिन्न मांगों को रखा जायेगा। विशेषकर होम स्टे संचालकों के लिए आर्थीक पैकेज,बिजली व पानी के बिलों मे छूट, सरल ऋण,होम स्टे कर्मियों के लिए मासिक सहायता राशि,होम स्टे को शीघ्र शुरू करने के लिए प्रशिक्षण व कोविड 19 मानकों को पूरा करने मे सहयोग करने की मांग की जायेगी।
इस बारे में जानकारी देते हुए होम स्टे योजना समिति के संरक्षक देवी गोदियाल ने बताया कि कि वे शीघ्र ही इस संबंध में मुख्यमंत्री से वार्ता करेंगे इसके साथ ही होम स्टे को अतिशीघ्र खोलने की मांग करने के साथ ही आसान मानाकों के अधिन होम स्टे को लाने की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि लॉक डाउन में सबसे ज्यादा होम स्टे संचालक प्रभावित हुए हैं,जबकि होम स्टे योजना उतराखंड सरकार की महत्वकांक्षी योजना में शामिल है इसके प्रोत्साहन से प्रदेश में ना सिर्फ रोजगार के अवसर बढेगा बल्कि पलायन रोकने में भी सार्थक सीध होगा।

